रक्तदान सबसे बड़ा मानवतावादी कार्य-अवि राजपूत
अवि राजपूत अपने जन्मदिन पर 10 साल से लगा रहे ब्लड डोनेशन कैंप
कपूरथला 15 जून गौरव मढिया
समाज में सकारात्मक सोच और नई परंपरा की मिसाल पेश करते हुए कपूरथला हल्के के सेवादार अवि राजपूत द्वारा पिछले 10 साल से अपने जन्मदिन को खास तरीके से मनाते हुए रक्तदान शिविर लगाया जा रहा है।इस साल भी अवि राजपूत के द्वारा अपने जन्मदिवस पर 17 जून को सिटी हाल में रक्तदान शिविर आयोजित किया जा रहा है।इस सबंधी जानकारी देते हुए अवि राजपूत ने कहा कि एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद के लिए जीवनरेखा बन सकता है,क्योंकि रक्त का कोई विकल्प नहीं है।उन्होंने युवाओं से अधिक संख्या में आगे आने की अपील करते हुए इस रक्तदान शिविर में बढ़ चढ़ भाग लेने की अपील की।अवि राजपूत ने बताया कि रक्तदान करने से जहां जरूरतमंदों की जान बचती है,वहीं दान करने वाले व्यक्ति के स्वास्थ्य की भी जांच हो जाती है।इससे नई रक्त कोशिकाओं का निर्माण होता है,हृदय रोग और कैंसर का खतरा कम होता है तथा शरीर में आयरन का स्तर संतुलित रहता है। उन्होंने बताया कि रक्तदान से पहले और बाद में रक्तचाप, नाड़ी,तापमान और हीमोग्लोबिन की जांच के साथ-साथ एचआईवी,हेपेटाइटिस बी-सी और सिफिलिस की जांच भी निःशुल्क की जाती है।उन्होंने बताया कि नई सोच,नई परंपरा अभियान के तहत हर शुभ अवसर पर रक्तदान को बढ़ावा दिया जा रहा है,ताकि ब्लड बैंक में रक्त की कमी को दूर किया जा सके।उन्होंने बताया कि बताया कि वे विगत 10 वर्षों से लगातार अपने जन्मदिन पर आपसी सहयोग से इस तरह का शिविर लगाते आ रहें है जिसमें सभी बढ़ चढ़कर सहयोग करते है।अवि राजपूत ने कहा कि रक्तदान सबसे बड़ा मानवतावादी कार्य है।एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है।युवाओं को नियमित रूप से रक्तदान कर समाज में जागरूकता फैलानी चाहिए।रक्तदान न केवल दूसरों की जिंदगी बचाता है,बल्कि सामाजिक उत्तरदायित्व का भी उत्कृष्ट उदाहरण है।उन्होंने ने अपनी दस वर्षीय यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि पिछले दस वर्षों से जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराने, युवाओं को रक्तदान के प्रति जागरूक करने और विभिन्न सामाजिक अभियानों के माध्यम से मानव सेवा का कार्य कर रहे है।उनका उद्देश्य केवल रक्त संग्रह करना नहीं,बल्कि समाज में सेवा और संवेदनशीलता की भावना को मजबूत करना है।
Posted By: GURBHEJ SINGH ANANDPURI