भगवान श्री जगन्नाथ रथ यात्रा के उपलक्ष्य में निकली तेरवीँ संध्या फेरी, रोज अवेन्यू भक्तिमय वातावरण से गूंज उठा
- धार्मिक
- 13 Jun, 2026 10:54 AM (Asia/Kolkata)
कपूरथला, 12 जून गौरव मढिया
आगामी 19 जुलाई 2026 को आयोजित होने वाली भगवान श्री जगन्नाथ जी की भव्य रथ यात्रा के उपलक्ष्य में इस्कॉन मंदिर कपूरथला द्वारा निकाली जा रही 45 संध्या फेरियों के अंतर्गत कल तेरवीँ संध्या फेरी बड़े ही हर्षोल्लास एवं भक्तिमय वातावरण में रोज अवेन्यू क्षेत्र में संपन्न हुई। इस अवसर पर सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भगवान श्री जगन्नाथ, बलदेव एवं सुभद्रा महारानी के दिव्य दर्शन का लाभ प्राप्त किया। संध्या फेरी के दौरान हुई तेज बारिश, आंधी भी भक्तों के क़दमों को नहीं रोक पाई। बारिश और आंधी मैं भी इस्ककॉन के भक्तों मैं भरपूर उत्साह देखा गया।
संध्या फेरी का शुभारंभ प्रथम आरती के साथ हुआ, जिसका सौभाग्य श्री गगनदीप एवं श्रीमती सिमरन अरोरा जी के परिवार को प्राप्त हुआ। इसके पश्चात भगवान की सुंदर पालकी अलग अलग घरों मैं पहुंची उनके परिवार द्वारा भगवान का भव्य स्वागत किया गया। भगवान अपनी दिव्य पालकी में विराजमान होकर घर-घर भक्तों को दर्शन देने पहुँचे। मार्ग में मोहल्लावासियों ने पुष्पवर्षा कर भगवान का हार्दिक अभिनंदन किया।
मोहल्ले के प्रत्येक परिवार ने रथ यात्रा के उपलक्ष्य में आयोजित इन संध्या फेरियों के प्रति अपनी श्रद्धा और उत्साह प्रकट करते हुए भगवान को कोटि-कोटि प्रणाम अर्पित किया भक्तजन भगवान जगन्नाथ के प्रेम में झूम उठे तथा हरिनाम संकीर्तन में मग्न होकर नृत्य करने लगे।

संध्या फेरी के समापन पर महाआरती का सौभाग्य निदार डेरी के परिवार को प्राप्त हुआ। इस अवसर पर इस्कॉन के वरिष्ठ वैष्णव एवं संचालक श्री नकल दास प्रभु जी ने भगवान श्री जगन्नाथ की महिमा का सुंदर वर्णन करते हुए भक्तों को भाव-विभोर कर दिया। मधुर हरिनाम संकीर्तन ने उपस्थित सभी श्रद्धालुओं के हृदय को आनंद एवं भक्ति से भर दिया।
अपने संबोधन में प्रभु जी ने बताया कि जो भी श्रद्धा एवं भक्ति के साथ भगवान के रथ की रस्सी को खींचता है, वह भगवद्धाम जाने का अधिकारी बन जाता है। उन्होंने कहा कि मनुष्य के समस्त सांसारिक बंधनों एवं ऋणों से मुक्ति भगवान की निष्काम सेवा एवं भक्ति से ही संभव है तथा रथ यात्रा ऐसा दिव्य अवसर है, जिसके माध्यम से प्रत्येक व्यक्ति भगवान की सेवा कर उनके प्रेम को प्राप्त कर सकता है।
प्रभु जी के मार्गदर्शन में आयोजित इस तेरवीँ संध्या फेरी में समस्त मोहल्लावासियों ने प्रेम एवं श्रद्धा की वर्षा कर भगवान की विशेष कृपा प्राप्त की। इस्कॉन के भक्त घर-घर एवं गली-गली जाकर सनातन धर्म का संदेश पहुँचा रहे हैं तथा युवा पीढ़ी को आध्यात्मिक संस्कारों से जोड़ने के लिए उन्हें भगवान जगन्नाथ की सेवा, भगवद्गीता एवं वैदिक शास्त्रों के अध्ययन की प्रेरणा दे रहे हैं।
प्रभुजी ने भगवान् जगन्नाथ जी के शुद्ध भक्त बंदु मोहनती की कथा भी सुनाई। की किस प्रकार से भगवान् अपने भक्तों की सभी ज़रूरतें पूरी करते हैं और जो कुछ उनके पास है उसकी रक्षा भी करते हैं।
अंत में प्रभु जी ने समस्त शहरवासियों से प्रेमपूर्ण निवेदन किया कि भगवान श्री जगन्नाथ अपनी असीम कृपा बरसाने हेतु 19 जुलाई 2026, रविवार को भव्य रथ यात्रा के माध्यम से नगर में पधार रहे हैं। उन्होंने सभी भक्तों से आग्रह किया कि कोई भी इस दिव्य अवसर से वंचित न रहे तथा भगवान के रथ की रस्सी खींचकर उनके विशेष आशीर्वाद एवं कृपा का लाभ अवश्य प्राप्त करे।
Leave a Reply